गोलीय दर्पण क्या है वक्रता केंद्र,त्रिज्या,फोकस दूरी

गोलीय दर्पण क्या है

ऐसी सतह जो खुद पर पड़ने वाली सभी प्रकाश की किरणों का नियमित परावर्तन कर दे दर्पण कहलाती है यदि किसी खोखले गोलाकार कांच को काटकर उसकी दूसरी तरफ पेंट कर दिया जाए तो इस गोलाकार कांच को गोलीय दर्पण कहेंगे

गोलीय दर्पण के बारे में

ध्रुव

गोलीय दर्पण का ध्रुव दर्पण वाले भाग का मुख्य बिंदु को ध्रुव कहेंगे ध्रुव को P से दर्शाते हैं

वक्रता केंद्र

गोलाकार का कांच के केंद्र को गोलीय दर्पण का वक्रता केंद्र कहते हैं इसे C से दर्शाते हैं

गोलीय दर्पण की वक्रता त्रिज्या

गोलाकार कांच की त्रिज्या को  गोलीय दर्पण की वक्रता त्रिज्या कहेंगे यह वक्रता केंद्र और ध्रुव के बीच की दूरी होती है

मुख्य फोकस

जब गोलीय दर्पण पर मुख्य अक्ष के समांतर प्रकाश की किरणें टकराती हैं और और वे परिवर्तित होकर एक बिंदु से होकर जाती है उस बिंदु को गोली दर्पण का मुख्य फोकस कहते हैं

गोलीय दर्पण की फोकस दूरी

गोलीय दर्पण की फोकस दूरी ध्रुव और मुख्य फोकस के बीच की दूरी के बराबर होती है इसे f से दर्शाते हैं

फोकस तल

यह मुख्य अक्ष के लंबबत होता है

गोलीय दर्पण दो प्रकार के होते है

गोलीय दर्पण के प्रकार

अवतल दर्पण Concave mirror

खोखले गोलाकार कांच के बहरी तरफ पेंट किया जाए तो उस दर्पण को अवतल दर्पण कहेंगे इसका दर्पण वाला भाग अंदर की तरफ होगा

उत्तल दर्पण Convex mirror

खोखले गोलाकार कांच की भीतरी तरफ पेंट किया जाए तो उस दर्पण को उत्तल दर्पण कहेंगे इसका दर्पण उभरा हुआ होता है

अवतल और उत्तल दर्पण को डिटेल में जानेगे नेक्स्ट page पर अभी ये गोलीय दर्पण के बारे में जानकारी अच्छी हो तो इसे शेयर करें और प्रश्न के लिए comment करें

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